फर्रुखाबाद। (एफबीडी न्यूज़) 20 सितंबर 26। पूर्व की तरह एसएन साध ट्रस्ट की ओर से 22 से 24 सितंबर को निशुल्क दिव्यांग सहायता शिविर का आयोजन किया गया है। शिविर के संयोजक राकेश साध ने सेवा केंद्र पर मीडिया को शिविर कार्यक्रम के बारे में व्यापक जानकारी दी। उन्होने बताया कि 22-23 व 24 अक्टूबर को एनएकेपी डिग्री कॉलेज के सामने सेवा केंद्र में प्रातः 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक निशुल्क दिव्यांग सहायता शिविर का आयोजन होगा।मरीजों को आधार कार्ड व दिव्यांग प्रमाण पत्र की फोटो फोटो कॉपी लाना आवश्यक है। शिविर में दिव्यांगों को कृत्रिम पैर, पोलियो ग्रस्त व्यक्तियों को कैलीपर वैशाखी आदि उपकरण मुफ्त में उपलब्ध कराये जायेगे।
श्री साध ने बताया कि कैम्प में कटे हुए हाथ वाले दिव्यांगजनों के लिए कृत्रिम हाथ भी उपलब्ध रहेगे। उन्होंने बताया कि कम सुनने वालों के कान की जांच कर सुनने के लिए मशीन दी जाएगी। शिविर में हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ सुबोध वर्मा, नाक कान गला रोग विशेषज्ञ डॉ शिखर सक्सेना का चिकित्सकीय सहयोग करेंगे। श्री साधने ट्रस्ट की वरिष्ठ ट्रस्टी डॉ रजनी सरीन के दिवंगत होने पर दुख जाहिर करते हुए कहा कि यह दिव्यांग कैंप ट्रस्ट की वरिष्ठ ट्रस्टी स्वर्गीय डॉ रजनी सरीन को समर्पित है उनके द्वारा किए गए समाज सेवा के कार्य हम सभी का मार्गदर्शन करते रहेंगे।
उन्होंने बताया कि मेरी बेटी प्रिया ने प्रिया नारी के नाम से 18 अक्टूबर को निशुल्क स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया है। प्रिया साध ने ने शिविर के बारे में जानकारी देते हुए बताया की 18 अक्टूबर को प्रातः सुबह 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक एनएकेपी कॉलेज के सामने सेवा केंद्र पर शिविर का आयोजन किया जाएगा। जिसमें मुख्य रूप से महिलाओं के स्वास्थ्य से जुड़ी सामान्य समस्याओं पर परामर्श, स्त्री रोग संबंधी स्वास्थ्य जागरूकता, स्वास्थ्य जांच एवं आवश्यक मार्गदर्शन, एनीमिया एवं पोषण संबंधी जागरूकता के साथ ही महिलाओं के स्वास्थ्य से जुड़े महत्वपूर्ण प्रश्नों पर विशेषज्ञों से सलाह दिलाई जाएगी।
उन्होंने बताया कि ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं में मासिक धर्म एवं रजोनिवृत्ति की समस्याएं रहती हैं। कई बार महिलाएं अपनी स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों को नजर अंदाज करती है। यह शिविर महिलाओं को अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता होने, सही जानकारी प्राप्त करने और समय पर उचित सलाह लेने का एक अवसर है। उन्होंने सभी महिलाओं से अपने स्वास्थ्य को प्राथमिकता देकर स्वयं एवं अपनी मां बहन बेटी एवं सहेलियों को साथ लाने की सलाह दी है। गुंजन जैन ने पर्यावरण संबंधी जानकारी देते हुए पर्यावरण को बनाए रखने का आवाहन किया। वार्ता के दौरान राकेश साथ की धर्मपत्नी, कार्यक्रम के प्रमुख सहयोगी उदय कश्यप, अमर साध आदि लोग मौजूद रहे।

