फर्रुखाबाद (एफबीडी न्यूज़) 7 नवंबर 26। फर्रुखाबाद विकास मंच के संस्थापक अध्यक्ष एवं समाजसेवी मोहन अग्रवाल ने गरीबों को मिष्ठान वितरित कर दीपावली मनायी। ग्राम हैवतपुर गढ़िया स्थित काशीराम कॉलोनी के 1500 परिवारों को मिष्ठान वितरण के लिए टोकन दिए गए। काशीराम कॉलोनी में पुलिस चौकी के निकट स्वर्गीय श्री सुरेश चंद्र अग्रवाल की स्मृति में दीपावली के पावन अवसर पर आयोजित 21वें स्मृति समारोह के दौरान आज 6 बजे मिष्ठान वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। समारोह में मोहन अग्रवाल ने कॉलोनी निवासियों को संबोधित करते हुए ईश्वर को धन्यवाद दिया कि उन्होंने इंसान के रूप में जन्म देकर धन्य कर दिया है। जिस इंसान के अंदर इंसानियत नहीं है उसे इंसान नहीं कहा जा सकता है। 
उन्होंने स्वर्गीय पिता सुरेश चंद्र अग्रवाल को याद करते हुए बताया कि वह अत्यंत सीधे सरल स्वभाव के थे उनके आचरण को देखते हुए उनके जीवन काल में ही नेकपुर कलां स्थित कोल्ड स्टोरेज में दीपावली पर मिष्ठान वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया था। वर्ष 2011 से नगर में गर्मी के मौसम में ठंडे पेयजल जल की व्यवस्था की शुरुआत की। उन्होंने ईश्वर से उम्मीद जाहिर की वह मुझ पर कृपा बनाए रखे और मैं गरीबों की अधिक से अधिक मदद करके सहायता करता रहूं। श्री अग्रवाल ने कॉलोनी निवासियों की गरीबी पर दुःख जाहिर करते हुए खासकर महिलाओं से कहा कि वह किसी तरह बच्चों को शिक्षित करके यदि एक बच्चे को भी नौकरी लायक बना दिया तो उनके सारे दुख दर्द दूर हो जाएंगे।
इस अवसर पर श्री अग्रवाल के युवा पुत्र वैभव अग्रवाल ने मिष्ठान वितरण कार्यक्रम पर खुशी जाहिर की। श्री अग्रवाल ने फर्रुखाबाद विकास मंच की टीम के सहयोग से 1500 मिष्ठान पैकेटों का वितरण किया। मुफ्त में मिठाई मिलने पर बुजुर्ग महिलाओं ने मोहन अग्रवाल को दुआएं देकर उनकी उन्नत एवं दीर्घायु होने की कामना की। कार्यक्रम में मदनलाल गुप्ता,इक लाक हुसैन, फर्रुखाबाद विकास मंच के नगर अध्यक्ष राहुल जैन, विनीत बाजपेई, तेज प्रताप ठाकुर, जलील अहमद, प्रमोद कश्यप, हिमांशु गुप्ता, तालिब, मोनू तिवारी, शिवम तिवारी, धर्मेंद्र गुप्ता मोनू दुबे आदि सहयोगी मौजूद रहे। विकास मंच के कार्यकर्ताओं ने फूल मालाएं पहनाकर मोहन अग्रवाल का स्वागत किया।
इसी दौरान मोहन अग्रवाल ने कवि उपकार मणि उपकार, निमिष टंडन, उत्कर्ष अग्निहोत्री, स्मृति अग्निहोत्री एवं संचालक वैभव सोमवंशी को शील्ड भेंट कर व शाल उड़ाकर सम्मानित किया। कवियों ने कविता पाठ कर कार्यक्रम की शुरुआत की थी। कार्यक्रम के विलंब से शुरू होने के कारण पहले पहले मिष्ठान के पैकेट लेने के लिए महिलाओं में होड़ लग गई।











