फर्रुखाबाद (एफबीडी न्यूज़) 11 जून। जिले में बाढ़ आपदा से निपटने हेतु राज्य स्तरीय मेगा मॉक ड्रिल का सफल आयोजन किया गया। जनपद की तीनों तहसीलों के चिन्हित बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में आयोजित इस अभ्यास का शुभारम्भ प्रातः 9 बजे किया गया। विभिन्न आपदा परिदृश्यों का सफलतापूर्वक प्रदर्शन एवं अभ्यास करते हुए समापन सायं 4.30 बजे हुआ। मॉक ड्रिल के अंतर्गत तहसील सदर के ग्राम पंखियाँ की मड़ैया, मजरा कटरी धरमपुर, थाना मऊदरवाजा, विकास खण्ड बढ़पुर में बाढ़ चौकी, राहत शिविर (शेल्टर होम) एवं फील्ड हॉस्पिटल की स्थापना का प्रदर्शन किया गया। इस दौरान प्रभावित व्यक्तियों को राहत शिविरों तक सुरक्षित पहुंचाने, आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा राहत सामग्री वितरण की प्रक्रिया का अभ्यास किया गया।
तहसील अमृतपुर में बाढ़ के दौरान नाव पलटने की काल्पनिक घटना का परिदृश्य तैयार कर प्रभावित व्यक्तियों के सुरक्षित रेस्क्यू, प्राथमिक उपचार, चिकित्सकीय सहायता तथा त्वरित राहत कार्यों का सफल प्रदर्शन किया गया। आपदा प्रतिक्रिया दलों द्वारा बचाव कार्यों में आवश्यक उपकरणों एवं संसाधनों के प्रभावी उपयोग का भी प्रदर्शन किया गया। तहसील कायमगंज के ग्राम गुटैटी दक्षिण, थाना एवं विकास खण्ड शमसाबाद में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से लोगों को सुरक्षित निकालकर वाहनों के माध्यम से राहत शिविरों तक पहुंचाने, राहत सामग्री वितरण, चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने तथा विभिन्न विभागों के मध्य समन्वित कार्यवाही का सफल अभ्यास किया गया। मॉक ड्रिल के दौरान तीनों तहसीलों में संबंधित उप जिलाधिकारियों ने नोडल अधिकारी एवं इंसिडेंट कमाण्डर के रूप में संपूर्ण गतिविधियों का नेतृत्व किया तथा विभिन्न विभागों के मध्य समन्वय स्थापित करते हुए अभ्यास को सफलता पूर्वक संपन्न कराया।
इस अवसर पर जनपद की विभिन्न आपदा प्रतिक्रिया एजेंसियों एवं विभागों द्वारा सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित की गई। मॉक ड्रिल में राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ), आर्मी, पुलिस विभाग, फ्लड पीएसी, अग्निशमन विभाग, स्वास्थ्य विभाग की मेडिकल टीमें एवं एम्बुलेंस सेवाएं, आपदा मित्र, अग्नि सचेतक, राजस्व विभाग, होमगार्ड, सिंचाई विभाग, ग्राम स्तरीय आपदा प्रबंधन समितियां तथा अन्य संबंधित विभागों एवं एजेंसियों ने प्रतिभाग करते हुए आपसी समन्वय एवं त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता का प्रभावी प्रदर्शन किया। मॉक ड्रिल का मुख्य उद्देश्य बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदा की स्थिति में विभिन्न विभागों एवं आपदा प्रतिक्रिया बलों की तैयारियों का मूल्यांकन करना, उपलब्ध संसाधनों एवं व्यवस्थाओं की प्रभावशीलता का परीक्षण करना, विभागीय समन्वय को सुदृढ़ बनाना तथा जनसामान्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु त्वरित एवं प्रभावी कार्यवाही का अभ्यास करना था।
अभ्यास के दौरान राहत एवं बचाव कार्य, चिकित्सा सहायता, आपात संचार व्यवस्था, प्रभावित व्यक्तियों का सुरक्षित पुनर्स्थापन, राहत शिविर संचालन, खाद्य एवं पेयजल व्यवस्था तथा आपदा प्रबंधन की अन्य महत्वपूर्ण गतिविधियों का सफलतापूर्वक प्रदर्शन किया गया। संबंधित विभागों द्वारा निर्धारित मानकों एवं प्रोटोकॉल के अनुरूप कार्यवाही करते हुए आपदा प्रबंधन की समग्र तैयारियों का प्रभावी प्रदर्शन किया गया। जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा आयोजित मेगा मॉक ड्रिल जनपद में आपदा प्रबंधन संबंधी सतत तैयारियों, विभागीय समन्वय तथा त्वरित प्रतिक्रिया तंत्र की दक्षता का परिचायक रही। अभ्यास के सफल आयोजन पर जिला प्रशासन एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने सभी संबंधित विभागों, अधिकारियों, कर्मचारियों, स्वयंसेवकों एवं आपदा मित्रों के सहयोग की सराहना करते हुए भविष्य में भी आपदा प्रबंधन संबंधी तैयारियों को और अधिक सुदृढ़ बनाए रखने का आह्वान किया।
