डॉ नवल को मिल सकती है टिकट: लेकिन सीट निकालना मुश्किल

फर्रुखाबाद (एफबीडी न्यूज़) 20 जून। सदर विधानसभा क्षेत्र से सपा से चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशियों की भरमार है। डॉ नवल किशोर शाक्य टिकट हासिल कर सकते हैं लेकिन सीट का निकलना मुश्किल है। बीते चुनाव में केशव देव मौर्य की पत्नी चुनाव हार गई थी। सदर सीट से चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशियों में नागेंद्र शाक्य, राजीव शाक्य, पूर्व विधायक विजय सिंह के पुत्र विक्की, अरविंद कुशवाहा, नदीम फारुकी उनके भाई अफजाल फारुकी, राघव दत्त मिश्रा, सरल दुबे, उमर खां, रामजी वाजपेई, नरेंद्र शाक्य शामिल है। यह लोग चुनाव लड़ने का स्वयं प्रचारक कर समर्थकों से अपना प्रचार प्रचार करवा रहे हैं।

इन प्रत्याशियों में डॉ नवल शाक्य सपा मुखिया से करीबी संबंध होने के कारण टिकट हासिल कर सकते हैं। बताया जाता है कि अनेकों शाक्य बाहुल्य क्षेत्रों से डॉक्टर नवल को चुनाव लड़ाने की मांग की जा रही है। बीता लोकसभा चुनाव हारकर जनता का सांसद बताने वाले डॉक्टर नवल का फर्रुखाबाद से ही चुनाव लड़ने का दावा मजबूत है। सजातीय समाज में गहरी पैठ न बनाने के कारण उनके चुनाव जीतने पर संदेह व्यक्त किया जा रहा है। मालूम हो की डॉक्टर लोकसभा चुनाव उन क्षेत्रों में भी चुनाव हार गए थे जिस क्षेत्र में उन्होंने अपना चुनाव कार्यालय खोला था और जहां उनका अस्पताल एवं मां प्रधान है।

डॉक्टर नवल करीब एक दशक से राजनीति में सक्रिय है लेकिन वह अभी तक फर्रुखाबाद क्षेत्र में अपनी वह लोकप्रियता नहीं बना पाए हैं जितनी किसी समय पूर्व सांसद दयाराम शाक्य एवं सपा से कई बार चुनाव लड़ने वाले पूर्व प्रधानाचार्य लाल बहादुर शाक्य की थी। समाज के सार्वजनिक कार्यक्रम में नागेंद्र शाक्य से हुए झगड़े के बाद से डॉ नवल समाज के हासिये पर है। टिकट के अधिकांश दावेदार सभासदी व एवं प्रधानी तक का चुनाव जीतने की स्थिति में नहीं है। जिनके पास चुनाव लड़ने के लिए धन है उनके पास वोटों की कमी है और जो ज़िताऊ प्रत्याशी है उनके पास धन की कमी है। सपा का कमजोर प्रत्याशी चुनाव में भाजपा की मदद करेगा।

error: Content is protected !!